जनसंचार माध्यम: Class 11 अभिव्यक्ति और माध्यम पाठ 1, नोट्स और प्रश्न
Updated 15 October 2026 · Fact-checked
'जनसंचार माध्यम' अभिव्यक्ति और माध्यम का पहला पाठ है। इसमें संचार का अर्थ, उसके तत्त्व (स्रोत, एनकोडिंग, संदेश, माध्यम, प्राप्तकर्ता, डिकोडिंग, फ़ीडबैक, शोर), संचार के प्रकार, जनसंचार की विशेषताएँ और कार्य, और समाचारपत्र, रेडियो, टेलीविज़न, सिनेमा तथा इंटरनेट के विकास और प्रभाव का परिचय है।
What जनसंचार माध्यम is about
जनसंचार माध्यम अभिव्यक्ति और माध्यम (NCERT) का पहला पाठ है। कक्षा 11 की वार्षिक परीक्षा के खंड ख (22 अंक) में प्रश्न 5 के अंतर्गत पाठ 1, 2, 9, 10, 14, 15 और 16 पर आधारित प्रश्न आते हैं: लगभग 40 शब्दों के चार प्रश्न (2-2 अंक) और लगभग 60 शब्दों का एक प्रश्न (3 अंक), विकल्प सहित।
पाठ की संरचना:
- संचार क्या है: 'चर' धातु; विल्बर श्रैम की परिभाषा
- संचार के तत्त्व और संचार-प्रक्रिया
- संचार के प्रकार: सांकेतिक, मौखिक-अमौखिक, अंतःवैयक्तिक, अंतरवैयक्तिक, समूह, जनसंचार
- जनसंचार की विशेषताएँ: विलंबित फ़ीडबैक, विशाल और पंचमेल श्रोता, सार्वजनिक संदेश, औपचारिक संगठन, द्वारपाल
- जनसंचार के कार्य: सूचना, शिक्षा, मनोरंजन, एजेंडा तय करना, निगरानी, विचार-विमर्श का मंच
- प्रमुख माध्यम: समाचारपत्र-पत्रिकाएँ, रेडियो, टेलीविज़न, सिनेमा, इंटरनेट
- जनसंचार माध्यमों का प्रभाव: सकारात्मक और नकारात्मक
इस पृष्ठ पर अवधारणाएँ, तिथियाँ, उत्तर लिखने का तरीका, अंक कटने की गलतियाँ और 40-60 शब्दों के हल प्रश्न दिए गए हैं।
Weightage: खंड ख (अभिव्यक्ति और माध्यम, 80 में से 22 अंक): प्रश्न 5 में पाठ 1, 2, 9, 10, 14, 15 और 16 पर आधारित प्रश्न (विकल्प सहित) आते हैं, लगभग 40 शब्दों के चार प्रश्न (2-2 अंक) और लगभग 60 शब्दों का एक प्रश्न (3 अंक)।Source: CBSE हिंदी (आधार) 302 पाठ्यक्रम 2026-27, कक्षा 11 परीक्षा हेतु पाठ्यक्रम विनिर्देशन
Key quotations
Short lines worth knowing by heart: who says them, when, and why they matter.
मशहूर संचारशास्त्री विल्बर श्रैम के अनुसार संचार अनुभवों की साझेदारी है।
NCERT पाठ: संचार की परिभाषा।
संचार को दोतरफ़ा, साझा प्रक्रिया के रूप में समझना।
सफल संचार के लिए संचार प्रक्रिया से शोर को हटाना या कम करना बहुत ज़रूरी है।
NCERT पाठ: संचार के तत्त्व 'शोर' की चर्चा।
संचार की बाधाओं को पहचानने और दूर करने का महत्त्व।
जनसंचार में फ़ीडबैक तुरंत नहीं प्राप्त होता है।
NCERT पाठ: जनसंचार की विशेषताएँ।
अंतरवैयक्तिक संचार से जनसंचार का मुख्य अंतर।
Key concepts
- संचार: अर्थ और परिभाषा
'संचार' शब्द 'चर' धातु से बना है, जिसका अर्थ है चलना या एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुँचना। पाठ के संदर्भ में संचार का अर्थ है दो या अधिक व्यक्तियों के बीच सूचनाओं, विचारों और भावनाओं का आदान-प्रदान।
- विल्बर श्रैम के अनुसार संचार अनुभवों की साझेदारी है।
- संचार में दो लोगों की बातचीत से लेकर हज़ारों-लाखों लोगों तक पहुँचने वाला जनसंचार भी शामिल है।
- सूचनाओं, विचारों और भावनाओं को लिखित, मौखिक या दृश्य-श्रव्य माध्यमों से सफलतापूर्वक एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाना ही संचार है।
Worked example
विल्बर श्रैम ने संचार को 'अनुभवों की साझेदारी' क्यों कहा है?
Try it first, then show the solutionSolution
- संचार में हम अपने अनुभव दूसरे से बाँटते हैं।
- साझेदारी = दोनों पक्षों की भागीदारी।
Answer: क्योंकि संचार करते समय हम अपने अनुभव, विचार और भावनाएँ दूसरों से बाँटते हैं और वे भी अपनी प्रतिक्रिया से उसमें भाग लेते हैं; यह एकतरफ़ा नहीं, साझी प्रक्रिया है।
- संचार के तत्त्व (संचार-प्रक्रिया)
संचार एक प्रक्रिया है, जिसके तत्त्व क्रम से काम करते हैं:
1. स्रोत (संचारक): जो संदेश भेजता है।
2. एनकोडिंग (कूटीकरण): संदेश को भाषा, संकेत या चित्र जैसे कूट में ढालना; संचारक को उस कूट पर अधिकार होना चाहिए।
3. संदेश: जो बात पहुँचानी है; स्पष्ट और सीधा होना चाहिए।
4. माध्यम (चैनल): जिसके ज़रिये संदेश जाता है, जैसे टेलीफ़ोन, समाचारपत्र, रेडियो, टी.वी., इंटरनेट।
5. प्राप्तकर्ता: जो संदेश ग्रहण करता है।
6. डिकोडिंग: प्राप्त संदेश के अर्थ को समझना; एनकोडिंग की उलटी प्रक्रिया।
7. फ़ीडबैक: प्राप्तकर्ता की प्रतिक्रिया; इससे पता चलता है कि संदेश सही अर्थ में पहुँचा या नहीं।
8. शोर (नॉयज़): बीच की बाधाएँ, जो मानसिक, तकनीकी या भौतिक हो सकती हैं।Worked example
संचार-प्रक्रिया में फ़ीडबैक का क्या महत्त्व है?
Try it first, then show the solutionSolution
- फ़ीडबैक = प्राप्तकर्ता की प्रतिक्रिया।
- बाधा और अर्थ का पता चलता है; संदेश में सुधार।
Answer: फ़ीडबैक से पता चलता है कि संचार में कोई बाधा तो नहीं और संदेश प्राप्तकर्ता तक उसी अर्थ में पहुँचा या नहीं, जिस अर्थ में भेजा गया था। इसी के आधार पर संचारक अपने संदेश में सुधार करता है।
- संचार के प्रकार
- सांकेतिक संचार: इशारों से बात, जैसे हथेलियाँ जोड़कर प्रणाम।
- मौखिक और अमौखिक संचार: बोलकर और बिना बोले (चेहरा, आँखें, हाथ की गति, स्वर का उतार-चढ़ाव); खुशी, दुख, प्रेम, डर जैसी भावनाएँ अमौखिक संचार से अधिक व्यक्त होती हैं।
- अंतःवैयक्तिक संचार: व्यक्ति का अपने-आप से संवाद (सोचना, योजना बनाना)।
- अंतरवैयक्तिक संचार: दो व्यक्तियों का आमने-सामने संचार; फ़ीडबैक तत्काल।
- समूह संचार: समूह में विचार-विमर्श, जैसे कक्षा, संसद, पंचायत, समिति की बैठक।
- जनसंचार: किसी तकनीकी या यांत्रिक माध्यम (अखबार, रेडियो, टी.वी., सिनेमा, इंटरनेट) से समाज के विशाल वर्ग से संवाद; संदेश को बहुगुणित करके अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाया जाता है।
- जनसंचार की विशेषताएँ
1. फ़ीडबैक तुरंत नहीं मिलता।
2. श्रोताओं, पाठकों और दर्शकों का दायरा बहुत व्यापक और गठन पंचमेल होता है: अमीर-गरीब, शहरी-ग्रामीण, युवा-वृद्ध, अलग-अलग शहर।
3. संदेशों की प्रकृति सार्वजनिक होती है; वे सबके लिए होते हैं।
4. संचारक और प्राप्तकर्ता के बीच सीधा संबंध नहीं होता; प्राप्तकर्ता संचारक को उसकी सार्वजनिक भूमिका से पहचानता है।
5. औपचारिक संगठन की ज़रूरत: अखबार या रेडियो किसी संगठन से ही चलते हैं।
6. द्वारपाल (गेटकीपर): संपादक, समाचार संपादक, उपसंपादक आदि तय करते हैं कि क्या, कितना और कैसे प्रकाशित-प्रसारित होगा; उनकी ज़िम्मेदारी है कि सामग्री सार्वजनिक हित, पत्रकारिता के सिद्धांतों और आचार संहिता के अनुसार हो।- जनसंचार के कार्य
- सूचना देना: दुनिया भर की खबरें।
- शिक्षित करना: जागरूक बनाना; लोकतंत्र में जनता को शिक्षित करना।
- मनोरंजन करना: सिनेमा, टी.वी., रेडियो, संगीत, किताबें।
- एजेंडा तय करना: किसी मुद्दे को प्रमुखता देकर उसे सार्वजनिक बहस का विषय बनाना।
- निगरानी करना: सरकार और संस्थाओं के कामकाज पर नज़र; गड़बड़ी को उजागर करना।
- विचार-विमर्श के मंच: लोकतंत्र में विभिन्न विचारों को अभिव्यक्ति का अवसर देना।
- प्रमुख जनसंचार माध्यम: तथ्य और तिथियाँ
समाचारपत्र-पत्रिकाएँ (प्रिंट): भारत में शुरुआत 1780 में जेम्स ऑगस्ट हिकी के 'बंगाल गज़ट' से; हिंदी का पहला साप्ताहिक 'उदंत मार्तंड' 1826 में कलकत्ता से पंडित जुगल किशोर शुक्ल के संपादन में।
रेडियो: 1895 में इटली के जी. मार्कोनी ने वायरलेस से ध्वनि-संकेत भेजे; भारत में 1921 में मुंबई से 'टाइम्स ऑफ़ इंडिया' ने डाक-तार विभाग के सहयोग से पहला संगीत कार्यक्रम प्रसारित किया; 1936 में ऑल इंडिया रेडियो; आज़ादी तक नौ रेडियो स्टेशन; 1993 में एफ़एम; 1997 में आकाशवाणी-दूरदर्शन प्रसार भारती को सौंपे गए।
टेलीविज़न: भारत में यूनेस्को की शैक्षिक परियोजना के तहत 15 सितंबर 1959 को शुरुआत; 1965 में स्वतंत्रता दिवस से विधिवत सेवा; 1 अप्रैल 1976 से आकाशवाणी से अलग होकर 'दूरदर्शन'।
सिनेमा: आविष्कार का श्रेय थॉमस अल्वा एडिसन को; भारत की पहली मूक फ़िल्म 'राजा हरिश्चंद्र' (1913, दादा साहेब फ़ाल्के); पहली बोलती फ़िल्म 'आलम आरा' (1931)।
इंटरनेट: सबसे नया माध्यम; प्रिंट, रेडियो, टी.वी., किताब, सिनेमा और पुस्तकालय, सबके गुणों का समागम (कंवर्जेंस); अंतरक्रियात्मक माध्यम; खामियाँ: अश्लील सामग्री और दुरुपयोग।
- जनसंचार माध्यमों का प्रभाव
- सकारात्मक: सूचना, शिक्षा, जागरूकता, मनोरंजन; खरीदारी, टिकट, बिल, यहाँ तक कि विवाह-संबंधों तक में उपयोग।
- नकारात्मक: विज्ञापनों से उपभोक्तावाद, काल्पनिक दुनिया में खो जाना, फ़ॉर्मूला फ़िल्मों का युवाओं पर गलत प्रभाव, इंटरनेट का दुरुपयोग।
- प्रभाव तब और बढ़ जाता है, जब लगभग सारे माध्यम एक ही समय में एक ही बात कहने लगते हैं।
उत्तर लिखते समय दोनों पक्ष संतुलित ढंग से रखें।
जनसंचार माध्यम in real life
Each concept, met in an everyday situation. Read the situation, answer the question in your own words, then compare with the model answer. The one-line hook is what to remember.
फ़ीडबैक
मान लीजिए आप कक्षा में प्रोजेक्ट प्रस्तुत कर रहे हैं और देखते हैं कि कई सहपाठी उबासी ले रहे हैं।
संचार के किस तत्त्व से आपको यह संकेत मिला और आप क्या करेंगे? (लगभग 40 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- उबासी = अमौखिक फ़ीडबैक।
- संदेश में सुधार: उदाहरण, प्रश्न, चित्र।
Answer: उबासी श्रोताओं का अमौखिक फ़ीडबैक है, जो बताता है कि संदेश प्रभावी ढंग से नहीं पहुँच रहा। मैं प्रस्तुति में रोचक उदाहरण, प्रश्न और चित्र जोड़कर संदेश सुधारूँगा।
Memory hook: फ़ीडबैक पढ़ो, संदेश गढ़ो।
द्वारपाल की ज़िम्मेदारी
कल्पना कीजिए कि आप स्कूल पत्रिका के छात्र-संपादक हैं और आपके पास एक ऐसी 'खबर' आती है, जिसमें किसी शिक्षक पर बिना प्रमाण आरोप है।
द्वारपाल के रूप में आप क्या करेंगे?
Try it first, then show the solutionSolution
- द्वारपाल तय करता है कि क्या छपे।
- सार्वजनिक हित, तथ्य-जाँच, आचार संहिता।
Answer: मैं बिना प्रमाण वाली सामग्री नहीं छापूँगा; द्वारपाल की ज़िम्मेदारी है कि सामग्री तथ्यपरक, निष्पक्ष और आचार संहिता के अनुसार हो।
Memory hook: छापने से पहले जाँचो।
इंटरनेट का संतुलित उपयोग
यदि आपका छोटा भाई पढ़ाई के लिए इंटरनेट इस्तेमाल करते-करते अनुचित वीडियो और नकली खबरों तक पहुँच जाए, तो?
पाठ में बताई इंटरनेट की खामियों से इसे जोड़िए।
Try it first, then show the solutionSolution
- खामियाँ: अश्लील सामग्री, दुरुपयोग।
- उपाय: पैरेंटल कंट्रोल, विश्वसनीय स्रोत।
Answer: यह पाठ में बताई गई इंटरनेट की खामियाँ हैं; परिवार को पैरेंटल कंट्रोल लगाना चाहिए और बच्चे को विश्वसनीय स्रोत पहचानना सिखाना चाहिए।
Memory hook: जाल बड़ा, सावधानी ज़्यादा।
Topics in this chapter
How the school exam asks जनसंचार माध्यम
The question patterns to expect, and the method that works for each.
| Question type | How it is asked | Method |
|---|---|---|
| परिभाषा/अवधारणा (2 अंक, लगभग 40 शब्द) | फ़ीडबैक, शोर, एनकोडिंग-डिकोडिंग, द्वारपाल, एजेंडा तय करना, अंतरवैयक्तिक संचार किसे कहते हैं? | पहला वाक्य परिभाषा, दूसरा वाक्य पाठ का उदाहरण या महत्त्व। |
| अंतर/तुलना (2-3 अंक) | मौखिक बनाम अमौखिक, अंतरवैयक्तिक बनाम जनसंचार, समूह संचार बनाम जनसंचार, रेडियो बनाम टी.वी. | दो-तीन आधार चुनकर (फ़ीडबैक, दायरा, माध्यम) दोनों पक्ष लिखें। |
| विश्लेषण/मूल्यांकन (3 अंक, लगभग 60 शब्द) | जनसंचार के कार्य, माध्यमों का सकारात्मक-नकारात्मक प्रभाव, इंटरनेट का महत्त्व, द्वारपाल की ज़िम्मेदारी। | तीन बिंदु + एक उदाहरण + संतुलित निष्कर्ष। |
Tricks to remember जनसंचार माध्यम
Short memory aids. Say each one aloud once, then use it on a question the same day.
संचार के आठ तत्त्व: 'स्रो-ए-सं-मा-प्रा-डि-फ़ी-शो'
स्रोत → एनकोडिंग → संदेश → माध्यम → प्राप्तकर्ता → डिकोडिंग → फ़ीडबैक; बीच में शोर।
Use it when: संचार-प्रक्रिया वाले प्रश्न।
जनसंचार के छह कार्य: 'सू-शि-म-ए-नि-वि'
सूचना, शिक्षा, मनोरंजन, एजेंडा, निगरानी, विचार-विमर्श का मंच।
Use it when: कार्यों वाले 3 अंक के प्रश्न।
तिथियों की माला
1780 बंगाल गज़ट, 1826 उदंत मार्तंड, 1895 मार्कोनी, 1913 राजा हरिश्चंद्र, 1931 आलम आरा, 1936 AIR, 1959 टी.वी., 1965 विधिवत टी.वी., 1976 दूरदर्शन, 1993 एफ़एम, 1997 प्रसार भारती।
Use it when: तथ्य-आधारित प्रश्न।
जनसंचार माध्यम: exam-level solved questions
Ordered from exam level to HOTS. Cover the solution, write your own, then compare step by step.
Example 1: शोर · 2 marks · Short answerExam level
संचार-प्रक्रिया में 'शोर' से क्या तात्पर्य है? उसके दो प्रकार उदाहरण सहित बताइए। (लगभग 40 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- शोर = संचार-प्रक्रिया की बाधाएँ (नॉयज़)।
- प्रकार: मानसिक, तकनीकी, भौतिक; उदाहरण।
Answer: संचार-प्रक्रिया में आने वाली बाधाओं को शोर कहते हैं, जिनके कारण संदेश अपने मूल रूप में प्राप्तकर्ता तक नहीं पहुँचता। यह तकनीकी हो सकता है, जैसे फ़ोन लाइन में खराबी, या मानसिक, जैसे सुनने वाले का ध्यान कहीं और होना।
Example 2: द्वारपाल · 2 marks · Short answerHarder exam level
जनसंचार माध्यमों में 'द्वारपाल' (गेटकीपर) किसे कहते हैं? उसकी ज़िम्मेदारी क्या है? (लगभग 40 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- सामग्री को नियंत्रित-निर्धारित करने वाले व्यक्ति: संपादक, उपसंपादक आदि।
- ज़िम्मेदारी: सार्वजनिक हित, पत्रकारिता के सिद्धांत, आचार संहिता।
Answer: वह व्यक्ति या समूह, जो तय करता है कि माध्यम में क्या, कितना और कैसे प्रकाशित-प्रसारित होगा, द्वारपाल कहलाता है; जैसे संपादक, समाचार संपादक, उपसंपादक। उसकी ज़िम्मेदारी है कि सामग्री सार्वजनिक हित, पत्रकारिता के मूल्यों और आचार संहिता के अनुसार हो।
Example 3: अंतरवैयक्तिक संचार बनाम जनसंचार · 3 marks · Short answerExam level
अंतरवैयक्तिक संचार और जनसंचार में तीन अंतर स्पष्ट कीजिए। (लगभग 60 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- फ़ीडबैक: तत्काल बनाम विलंबित।
- दायरा: दो व्यक्ति बनाम विशाल, पंचमेल वर्ग।
- माध्यम-संगठन: आमने-सामने बनाम यांत्रिक माध्यम और औपचारिक संगठन।
Answer: अंतरवैयक्तिक संचार में दो व्यक्ति आमने-सामने बात करते हैं और फ़ीडबैक तुरंत मिलता है, जबकि जनसंचार में फ़ीडबैक तुरंत नहीं मिलता। अंतरवैयक्तिक संचार का दायरा सीमित है, जबकि जनसंचार विशाल और पंचमेल वर्ग तक पहुँचता है। जनसंचार के लिए अखबार, रेडियो, टी.वी. जैसे यांत्रिक माध्यम और औपचारिक संगठन चाहिए, अंतरवैयक्तिक संचार के लिए नहीं।
Example 4: एजेंडा तय करना · 3 marks · Short answerHarder exam level
जनसंचार माध्यम किसी समाज का 'एजेंडा' कैसे तय करते हैं? एक काल्पनिक उदाहरण से समझाइए। (लगभग 60 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- किसी मुद्दे को प्रमुखता से, बार-बार उठाना।
- वह मुद्दा सार्वजनिक बहस और सरकार की प्राथमिकता बन जाता है।
- उदाहरण: किसी शहर में जल-संकट।
Answer: जब समाचारपत्र और चैनल किसी घटना या मुद्दे को प्रमुखता से और लगातार उठाते हैं, तो वह आम लोगों की चर्चा और सरकार की प्राथमिकता बन जाता है; यही एजेंडा तय करना है। मान लीजिए अखबार कई दिनों तक किसी शहर के जल-संकट पर पहले पन्ने पर खबरें छापें, तो लोग उस पर बहस करेंगे और प्रशासन को कदम उठाने पड़ेंगे।
Example 5: निगरानी का कार्य · 3 marks · Short answerHOTS / competency
लोकतंत्र में जनसंचार माध्यमों के 'निगरानी' वाले कार्य का क्या महत्त्व है? यदि माध्यम यह कार्य छोड़ दें तो क्या होगा? (लगभग 60 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- सरकार और संस्थाओं के कामकाज पर नज़र; गलत कदम उजागर।
- जवाबदेही और पारदर्शिता।
- न करें तो: भ्रष्टाचार, मनमानी, जनता अनजान।
Answer: लोकतंत्र में माध्यम सरकार और संस्थाओं के कामकाज पर नज़र रखते हैं; कोई गलत कदम या गड़बड़ी हो तो उसे जनता के सामने लाते हैं। इससे शासन जवाबदेह और पारदर्शी रहता है। यदि माध्यम यह काम छोड़ दें, तो भ्रष्टाचार और मनमानी बढ़ेगी, जनता अनजान रहेगी और लोकतंत्र कमज़ोर होगा।
Example 6: इंटरनेट: समागम का माध्यम · 3 marks · Short answerHOTS / competency
इंटरनेट को 'सभी माध्यमों का समागम' और 'अंतरक्रियात्मक माध्यम' क्यों कहा जाता है? उसकी एक खामी भी बताइए। (लगभग 60 शब्द)
Try it first, then show the solutionSolution
- प्रिंट, रेडियो, टी.वी., सिनेमा, किताब, पुस्तकालय, सबके गुण।
- पाठक मूक दर्शक नहीं: चैट, बहस, ब्लॉग।
- खामी: अश्लील सामग्री, दुरुपयोग।
Answer: इंटरनेट पर हम अखबार पढ़ सकते हैं, रेडियो सुन सकते हैं, सिनेमा देख सकते हैं और करोड़ों पन्नों में से पल भर में सामग्री खोज सकते हैं; इसमें सभी माध्यमों के गुण हैं, इसलिए यह समागम है। यहाँ हम मूक दर्शक नहीं; बहस, चैट और ब्लॉग से भागीदारी करते हैं। इसकी खामी यह है कि इसमें अश्लील सामग्री है और इसका दुरुपयोग हो सकता है।
Where the marks are
How a typical answer is marked: the value points the examiner looks for and the marks each earns.
अंतरवैयक्तिक संचार और जनसंचार में तीन अंतर (लगभग 60 शब्द, 3 अंक) (3 marks)
| Step | Marks |
|---|---|
| फ़ीडबैक का अंतर | 1 |
| दायरे और श्रोताओं का अंतर | 1 |
| माध्यम/औपचारिक संगठन का अंतर | 1 |
'शोर' का अर्थ और प्रकार (लगभग 40 शब्द, 2 अंक) (2 marks)
| Step | Marks |
|---|---|
| परिभाषा: संचार की बाधाएँ | 1 |
| दो प्रकार उदाहरण सहित | 1 |
Where students lose marks in जनसंचार माध्यम
The slips examiners see most often, and what to write instead.
Mistake: जनसंचार और समूह संचार को एक मान लेना
समूह संचार (कक्षा, संसद, पंचायत) में आमने-सामने बात होती है; जनसंचार यांत्रिक माध्यम से विशाल वर्ग तक पहुँचता है।
Do this: 'यांत्रिक माध्यम' और 'विलंबित फ़ीडबैक' शब्द अवश्य लिखें।
Usually costs: 1 अंक
Mistake: एनकोडिंग और डिकोडिंग की परिभाषाएँ उलट देना
एनकोडिंग संचारक करता है (संदेश को कूट में ढालना); डिकोडिंग प्राप्तकर्ता (अर्थ समझना)।
Do this: क्रम याद रखें: भेजने वाला E, पाने वाला D।
Usually costs: 1 अंक
Mistake: तिथियाँ और नाम गलत लिखना
उदंत मार्तंड (1826), बंगाल गज़ट (1780), दूरदर्शन (1976) जैसे तथ्यों पर सीधे प्रश्न बनते हैं।
Do this: तिथियों की माला दोहराएँ।
Usually costs: 1 अंक
Mistake: प्रभाव वाले प्रश्न में केवल अच्छाइयाँ या केवल बुराइयाँ लिखना
पाठ दोनों पक्ष बताता है; संतुलित उत्तर अपेक्षित।
Do this: दो सकारात्मक + एक नकारात्मक बिंदु + निष्कर्ष।
Usually costs: 1 अंक
Practice questions on जनसंचार माध्यम
Write each answer on paper first. Open the hint only if you are stuck, and the answer only when you have finished.
Q1 · 1 mark · MCQExam level
हिंदी का पहला साप्ताहिक पत्र कौन-सा था?
(क) बंगाल गज़ट
(ख) उदंत मार्तंड
(ग) भारतमित्र
(घ) हिंदुस्तानHint
1826, कलकत्ता, जुगल किशोर शुक्ल।
Answer
(ख) उदंत मार्तंड
Q2 · 1 mark · Very short answerExam level
भारत में टेलीविज़न की शुरुआत कब और किस परियोजना के तहत हुई?
Hint
यूनेस्को।
Answer
15 सितंबर 1959 को, यूनेस्को की एक शैक्षिक परियोजना के तहत।
Q3 · 2 marks · Short answerHarder exam level
अमौखिक संचार किसे कहते हैं? मौखिक संचार की सफलता में उसकी क्या भूमिका है? (लगभग 40 शब्द)
Hint
आँखें, चेहरा, हाथ, स्वर।
Answer
बिना शब्दों के, आँखों, चेहरे के भाव, हाथ की गति और स्वर के उतार-चढ़ाव से होने वाला संचार अमौखिक संचार है। बोलते समय ये क्रियाएँ बात को प्रभावी बनाती हैं; खुशी, दुख, प्रेम, डर जैसी भावनाएँ शब्दों से अधिक इन्हीं से व्यक्त होती हैं।
Q4 · 1 mark · MCQHarder exam level
कथन (A): कक्षा में शिक्षक का पढ़ाना जनसंचार का उदाहरण है। कारण (R): इसमें संदेश एक साथ अनेक लोगों तक पहुँचता है।
(क) A और R दोनों सही, R व्याख्या करता है
(ख) A और R दोनों सही, R व्याख्या नहीं करता
(ग) A गलत, R सही
(घ) A सही, R गलतHint
पाठ में कक्षा किसका उदाहरण है? यांत्रिक माध्यम है क्या?
Answer
(ग) A गलत, R सही (कक्षा समूह संचार का उदाहरण है; जनसंचार के लिए यांत्रिक माध्यम और विशाल, पंचमेल श्रोता चाहिए)
Q5 · 3 marks · Short answerHOTS / competency
मान लीजिए आपके विद्यालय को 'जल बचाओ' संदेश पूरे शहर तक पहुँचाना है। संचार के तत्त्वों (स्रोत, संदेश, माध्यम, प्राप्तकर्ता, फ़ीडबैक, शोर) को ध्यान में रखकर अपनी योजना लगभग 60 शब्दों में लिखिए।
Hint
स्पष्ट संदेश, सही माध्यम, लक्ष्य-वर्ग, प्रतिक्रिया जानने का तरीका, बाधाएँ।
Answer
स्रोत विद्यालय का इको-क्लब होगा। संदेश छोटा और स्पष्ट रखेंगे: 'टपकता नल, बहता कल'। माध्यम के रूप में स्थानीय अखबार, एफ़एम रेडियो और सोशल मीडिया चुनेंगे, ताकि शहर के अलग-अलग वर्ग प्राप्तकर्ता बनें। फ़ीडबैक के लिए ऑनलाइन सर्वे और हेल्पलाइन रखेंगे। शोर घटाने के लिए संदेश हिंदी और स्थानीय बोली, दोनों में देंगे।
Q6 · 2 marks · Short answerHarder exam level
रेडियो के विकास में 1995 के उच्चतम न्यायालय के फ़ैसले और 1997 में प्रसार भारती के गठन का क्या महत्त्व रहा? (लगभग 40 शब्द)
Hint
ध्वनि तरंगों पर एकाधिकार नहीं; सरकार के सीधे नियंत्रण से मुक्ति।
Answer
1995 के फ़ैसले ने कहा कि ध्वनि तरंगों पर किसी का एकाधिकार नहीं हो सकता, जिससे सरकारी नियंत्रण से आई जड़ता टूटी और निजी एफ़एम चैनलों का रास्ता खुला। 1997 में आकाशवाणी-दूरदर्शन को सरकार के सीधे नियंत्रण से निकालकर स्वायत्त प्रसार भारती को सौंपा गया।
Q7 · 3 marks · Short answerHOTS / competency
आज लगभग सभी माध्यम एक साथ किसी एक खबर को लगातार दिखाने लगते हैं। पाठ के आधार पर इसके संभावित प्रभाव का मूल्यांकन कीजिए। (लगभग 60 शब्द)
Hint
सब माध्यम एक बात कहें तो प्रभाव बढ़ता है; अनिश्चित लोगों पर अधिक।
Answer
पाठ के अनुसार जब लगभग सारे माध्यम एक ही समय में एक ही बात कहने लगते हैं, तो उनका प्रभाव बहुत बढ़ जाता है, खासकर उन लोगों पर, जो अनिश्चय में हैं। इससे किसी ज़रूरी मुद्दे पर तेज़ी से जागरूकता फैल सकती है, पर दूसरे ज़रूरी मुद्दे छूट सकते हैं और एकतरफ़ा राय बन सकती है। इसलिए पाठक को कई स्रोत देखकर स्वयं निर्णय लेना चाहिए।
Test your recall
Answer in your head or on paper first, then open the card. Pulling an answer out of memory makes it stick far better than re-reading.
1.भारत का पहला अखबार कौन-सा था?Show answer
जेम्स ऑगस्ट हिकी का 'बंगाल गज़ट' (1780)।
2.ऑल इंडिया रेडियो की स्थापना कब हुई?Show answer
1936 में।
3.दूरदर्शन आकाशवाणी से कब अलग हुआ?Show answer
1 अप्रैल 1976 को।
4.सिनेमा के आविष्कार का श्रेय किसे दिया जाता है?Show answer
थॉमस अल्वा एडिसन को।
5.आमने-सामने दो व्यक्तियों के संचार को क्या कहते हैं?Show answer
अंतरवैयक्तिक संचार।
6.आकाशवाणी और दूरदर्शन किस स्वायत्त निकाय को सौंपे गए?Show answer
प्रसार भारती (1997)।
Quick revision checklist
The night before the exam: can you do each of these without looking?
- क्या आप संचार की परिभाषा और 'चर' धातु वाली बात लिख सकते हैं?
- क्या आप संचार के आठ तत्त्व क्रम से समझा सकते हैं?
- क्या आप संचार के प्रकार उदाहरण सहित बता सकते हैं?
- क्या आप जनसंचार की विशेषताएँ और छह कार्य लिख सकते हैं?
- क्या आप प्रमुख माध्यमों की तिथियाँ और इंटरनेट की विशेषताएँ बता सकते हैं?
जनसंचार माध्यम: frequently asked questions
परीक्षा में इस पाठ से किस प्रकार के प्रश्न आते हैं?
खंड ख के प्रश्न 5 में पाठ 1, 2, 9, 10, 14, 15 और 16 पर आधारित लगभग 40 शब्दों के (2 अंक) और लगभग 60 शब्दों के (3 अंक) प्रश्न, विकल्प सहित, आते हैं।
'संचार' शब्द की उत्पत्ति कहाँ से हुई है?
'चर' धातु से, जिसका अर्थ है चलना या एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुँचना।
जनसंचार में 'पंचमेल' श्रोता का क्या अर्थ है?
ऐसे श्रोता-पाठक-दर्शक, जो अमीर-गरीब, शहरी-ग्रामीण, युवा-वृद्ध, अलग-अलग जगहों के, यानी हर तरह के लोग होते हैं।
पहली भारतीय बोलती फ़िल्म कौन-सी थी?
'आलम आरा' (1931)। पहली मूक फ़िल्म 'राजा हरिश्चंद्र' (1913) दादा साहेब फ़ाल्के ने बनाई थी।
Based on: CBSE हिंदी (आधार) (302) पाठ्यक्रम, कक्षा 11-12, 2026-27; NCERT अभिव्यक्ति और माध्यम (Reprint 2026-27), पाठ 1: जनसंचार माध्यम