CBSE Class 10 Hindi Course A: 2025 board paper, set 3/6/1
The question paper set in the CBSE Class 10 board exam of 2025, as printed: 15 questions for 80 marks, in sections, with each OR choice shown as an alternative. Try each question first, then open our solution.
Every question here has our step-by-step solution, split into the steps that earn marks. Each one was checked by an independent re-solve from the question paper.
Source: official question paper from cbse.gov.in: https://www.cbse.gov.in/cbsenew/question-paper/2025/X/002_Hindi_Course_A.zip (a zip; this paper is the file 3-6-1_Hindi Course A.pdf). Questions are transcribed from that PDF; figures are described in words, so check the official paper for them.
How the paper is set
| Section | Questions | What it has |
|---|---|---|
| A | 1-2 | अपठित बोध (14 अंक); प्रश्न 1 और 2 में बहुविकल्पीय तथा लघु उत्तरीय उपप्रश्न |
| B | 3-6 | व्यावहारिक व्याकरण (16 अंक); प्रत्येक में पाँच में से चार प्रश्न |
| C | 7-11 | पाठ्यपुस्तक एवं पूरक पाठ्यपुस्तक पर आधारित (30 अंक) |
| D | 12-15 | रचनात्मक लेखन (20 अंक); प्रश्न 13-15 में आंतरिक विकल्प |
Instructions in brief: सभी प्रश्न अनिवार्य हैं; प्रश्न-पत्र में समग्र विकल्प नहीं, कुछ खंडों में आंतरिक विकल्प दिए गए हैं; खंड-ख में पाँच में से चार, खंड-ग में निर्देशानुसार, खंड-घ प्रश्न 12 में तीन में से एक विषय।
Section A
अपठित बोध (14 अंक); प्रश्न 1 और 2 में बहुविकल्पीय तथा लघु उत्तरीय उपप्रश्न
Q1 · 7 marks · Case-basedCompetency-basedकबीर – साखी
निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए :
शिक्षकों को अपने यहाँ बहुत से विशेषणों से संबोधित किया जाता रहा है। शिक्षक को राष्ट्र-निर्माता कहा जाता है। युवा पीढ़ी का सुधारक, मशाल-वाहक और पथ-प्रदर्शक भी कहा जाता है। शिक्षक शिक्षा के साथ-साथ अपने शिष्यों को जीवन-कौशल और नैतिक मूल्यों का भी ज्ञान प्रदान करते हैं। मानव जाति के लिए नई सोच और दृष्टिकोण की अपेक्षा भी शिक्षकों से ही की जाती है। शिक्षकों की महत्त्वपूर्ण भूमिका समाज को सशक्त और समृद्ध बनाने में भी है।
हमारी भारतीय ज्ञान परंपरा और प्राचीन ग्रंथों में जगह-जगह एक आदर्श गुरु के गुणों को वर्णित किया गया है। स्कंद पुराण के गुरु-स्तोत्रम् में तो गुरुओं की तुलना ब्रह्मा, विष्णु और महेश से की गई है तथा गुरु को साक्षात् परब्रह्म माना गया है। एक अच्छे गुरु में गहन ज्ञान, विद्वत्ता, करुणा, नैतिकता व चरित्र, नवीनता, नवाचार, अनुशासनप्रियता और समानता का भाव अपेक्षित है। यही गुण एक गुरु को महान बनाते हैं और शिष्यों के जीवन में सकारात्मक प्रभाव डालते हैं। अपनी सदी के महान कवि और संत कबीरदास जी ने भी कहा है – 'गुरु कुम्हार शिष कुंभ है, गढ़ि-गढ़ि काढ़ै खोट' – अर्थात् गुरु कुम्हार है और शिष्य घड़ा है जो गढ़-गढ़ कर शिष्य की कमियों को दूर करता है। शिक्षक अपने सफल मार्गदर्शन द्वारा शिष्यों को उनकी शक्तियों से परिचित कराते हुए उनके विकास के मार्ग को प्रशस्त करते हैं। शिक्षक समाज के भविष्य निर्माताओं को तैयार करने में एक अहम भूमिका निभाते हैं।
- (क)1 mark
शिक्षक शिक्षा के साथ-साथ शिष्यों को प्रदान करता है –
- (A)नैतिक मूल्यों का ज्ञान
- (B)धन-अर्जित करने का ज्ञान
- (C)पेशेवर विकास का ज्ञान
- (D)भविष्य सुनिश्चित करने का ज्ञान
- (ख)1 mark
गुरु को ब्रह्मा क्यों कहा गया है ?
- (A)छात्रों के हित गुरु के भीतर छिपी कल्याण-भावना के कारण
- (B)समाज के भविष्य निर्माताओं को तैयार करने की भूमिका के कारण
- (C)छात्रों के जीवन पर सकारात्मक प्रभाव डालने के कारण
- (D)रोजगार हेतु विद्यार्थियों में कौशल विकसित करने के कारण
- (ग)1 mark
निम्नलिखित कथन तथा कारण को ध्यानपूर्वक पढ़कर उचित विकल्प का चयन कीजिए :
कथन : मानव जाति के लिए नई सोच और दृष्टिकोण विकसित करना शिक्षक का दायित्व है।
कारण : हमारी ज्ञान परंपरा और ग्रंथों में गुरु को महान बताया गया है।- (A)कथन तथा कारण दोनों गलत हैं।
- (B)कारण सही है लेकिन कथन गलत है।
- (C)कथन सही है लेकिन कारण कथन की सही व्याख्या नहीं है।
- (D)कथन तथा कारण दोनों सही हैं तथा कारण कथन की सही व्याख्या करता है।
- (घ)2 marks
शिक्षक को पथ-प्रदर्शक क्यों कहा जाता है ? किन्हीं दो बिंदुओं का उल्लेख कीजिए।
- (ङ)2 marks
कबीरदास जी ने गुरु की तुलना कुम्हार से क्यों की है ? किन्हीं दो कारणों को स्पष्ट कीजिए।
Try it first, then show our solutionSolution
- 1 mark
(क) गद्यांश के अनुसार शिक्षक शिक्षा के साथ जीवन-कौशल और नैतिक मूल्यों का ज्ञान देते हैं। उत्तर: (A) नैतिक मूल्यों का ज्ञान।
- 1 mark
(ख) ब्रह्मा सृष्टिकर्ता हैं; उसी प्रकार गुरु समाज के भविष्य-निर्माताओं को तैयार करता है। उत्तर: (B)।
- 1 mark
(ग) कथन सही है, क्योंकि नई सोच की अपेक्षा शिक्षकों से की जाती है। कारण भी सही है, पर वह कथन की व्याख्या नहीं करता। उत्तर: (C)।
- 1 mark
(घ) शिक्षक विद्यार्थियों की प्रतिभा और शक्तियों को पहचानकर उन्हें विकास के मार्ग पर आगे बढ़ाता है, इसलिए वह पथ-प्रदर्शक है।
- 1 mark
(घ) वह जीवन-कौशल और नैतिक मूल्यों का ज्ञान देकर सही-गलत की दिशा दिखाता है और जीवन-पथ पर मार्गदर्शन करता है।
- 1 mark
(ङ) जैसे कुम्हार घड़े को गढ़कर उसे आकार देता है, वैसे ही गुरु शिष्य के व्यक्तित्व को आकार देता है।
- 1 mark
(ङ) जैसे कुम्हार घड़े के दोष दूर करता है, वैसे ही गुरु शिष्य की कमियों और बुराइयों को पहचानकर दूर करता है।
Answer: (क) A; (ख) B; (ग) C; (घ) प्रतिभा पहचानकर विकास-मार्ग पर बढ़ाना, जीवन-कौशल व नैतिक मूल्य देना; (ङ) व्यक्तित्व को आकार देना, कमियाँ दूर करना
Where the marks are
- (क) सही विकल्प A (1 अंक)
- (ख) सही विकल्प B (1 अंक)
- (ग) सही विकल्प C (1 अंक)
- (घ) दो उपयुक्त बिंदु (1+1=2 अंक)
- (ङ) दो उपयुक्त कारण (1+1=2 अंक)
Q2 · 7 marks · Case-basedCompetency-basedसूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' – उत्साह, अट नहीं रही है
निम्नलिखित काव्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित पूछे गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए :
लीक पर वे चले जिनके
चरण दुर्बल और हारे हैं
हमें तो जो हमारी यात्रा से बने
ऐसे अनिर्मित पंथ प्यारे हैं ।
साक्षी हों राह रोके खड़े
पीले बाँस के झुरमुट,
कि उनमें गा रही है जो हवा
उसी से लिपटे हुए सपने हमारे हैं ।
शेष जो भी हैं –
वक्ष खोले डोलती अमराइयाँ
गर्व से आकाश थामे खड़े
ताड़ के ये पेड़
हिलती क्षितिज की झालरें,
झूमती हर डाल पर बैठी
फलों से मारती
खिलखिलाती शोख अल्हड़ हवा
गायक-मंडली-से थिरकते
आते गगन में मेघ,
वाद्य यंत्रों से पड़े टीले,
नदी बनने की प्रतीक्षा में, कहीं नीचे
शुष्क नाले में नाचता एक अँजुरी जल
सभी, बन रहा है कहीं जो विश्वास
जो संकल्प हममें
बस उसी के सहारे हैं- (क)1 mark
कवि पूर्व निर्मित मार्ग का अनुसरण क्यों नहीं करना चाहता है ?
- (A)वह किसी और का अनुचर बनकर रहना चाहता है।
- (B)किसी और के द्वारा निर्मित मार्ग उसे अच्छा नहीं लगता है।
- (C)कवि आत्मविश्वासी है और अपना मार्ग स्वयं बनाना चाहता है।
- (D)किसी अन्य द्वारा निर्मित मार्ग पर चलना उसे अनुचित लगता है।
- (ख)1 mark
किस तरह के लोग दूसरों के सहारे जीवन जीते हैं ?
- (A)जो आज्ञाकारी प्रवृत्ति के होते हैं।
- (B)जो अक्षम और निराश होते हैं।
- (C)जो जल्दी सफल होना चाहते हैं।
- (D)जिनके सपने बहुत बड़े होते हैं।
- (ग)1 mark
बादलों की तुलना किससे की गई है ?
- (A)अपनी ही धुन पर थिरकती गायक मंडली से
- (B)दूसरों की धुन पर थिरकती गायक मंडली से
- (C)अपनी ही धुन में मग्न नर्तक मंडली से
- (D)तीव्र गति से नृत्य करती नर्तक मंडली से
- (घ)2 marks
"हमें तो जो हमारी यात्रा से बने ऐसे अनिर्मित पंथ प्यारे हैं।" – का आशय स्पष्ट कीजिए।
- (ङ)2 marks
प्रकृति के विविध घटक कवि को क्या प्रेरणा देते हैं ? किन्हीं दो बिंदुओं का उल्लेख कीजिए।
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- 1 mark
(क) कवि को अपनी यात्रा से बने अनिर्मित पथ प्यारे हैं; वह आत्मविश्वासी है और अपना मार्ग स्वयं बनाना चाहता है। उत्तर: (C)।
- 1 mark
(ख) 'लीक पर वे चले जिनके चरण दुर्बल और हारे हैं' अर्थात् अक्षम और निराश लोग। उत्तर: (B)।
- 1 mark
(ग) बादलों को 'गायक-मंडली-से थिरकते' कहा गया है, यानी अपनी ही धुन में थिरकती गायक मंडली से। उत्तर: (A)।
- 1 mark
(घ) कवि बने-बनाए रास्ते पर चलने के बजाय अपना नया रास्ता स्वयं बनाना चाहता है।
- 1 mark
(घ) अपने संघर्ष और प्रयास से मिली उपलब्धियाँ उसे आत्मिक संतोष देती हैं, इसीलिए वे उसे प्रिय हैं।
- 1 mark
(ङ) प्रकृति के घटक जीवन में निरंतर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।
- 1 mark
(ङ) वे आशावान रहने, उत्साह, आनंद और बेफ़िक्र होकर जीवन जीने तथा आत्मविश्वास व संकल्प की प्रेरणा देते हैं।
Answer: (क) C; (ख) B; (ग) A; (घ) कवि अपना मार्ग स्वयं बनाकर संघर्ष से मिली उपलब्धियों में संतोष पाता है; (ङ) निरंतर आगे बढ़ना, आशा, उत्साह और आत्मविश्वास
Where the marks are
- (क) सही विकल्प C (1 अंक)
- (ख) सही विकल्प B (1 अंक)
- (ग) सही विकल्प A (1 अंक)
- (घ) दो उपयुक्त आशय-बिंदु (1+1=2 अंक)
- (ङ) दो उपयुक्त बिंदु (1+1=2 अंक)
Section B
व्यावहारिक व्याकरण (16 अंक); प्रत्येक में पाँच में से चार प्रश्न
Q3 · 4 marks · GrammarGrammar
निर्देशानुसार 'रचना के आधार पर वाक्य-भेद' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर लिखिए : 4 × 1 = 4
- (क)1 mark
काशी में कलाधर-हनुमान हैं और नृत्य-विश्वनाथ हैं। (सरल वाक्य में बदलिए)
- (ख)1 mark
शहनाई की जादुई आवाज का असर हमारे सिर चढ़कर बोलने लगता है। (मिश्र वाक्य में बदलिए)
- (ग)1 mark
यदि कल्याण की भावना से नाता टूट जाए तो वह संस्कृति नहीं रह जाएगी। (रचना की दृष्टि से वाक्य-भेद का नाम लिखिए)
- (घ)1 mark
जो ये बातें बता रहे हैं, वे पिताजी के मित्र हैं। (आश्रित उपवाक्य छाँटकर उसका भेद भी लिखिए)
- (ङ)1 mark
खतरनाक रास्ते होने के कारण हम मौन हो गए। (संयुक्त वाक्य में बदलिए)
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- 1 mark
(क) सरल वाक्य: काशी में कलाधर हनुमान और नृत्य-विश्वनाथ हैं।
- 1 mark
(ख) मिश्र वाक्य: शहनाई की जो जादुई आवाज़ है, उसका असर हमारे सिर चढ़कर बोलने लगता है।
- 1 mark
(ग) मिश्र वाक्य, क्योंकि इसमें एक प्रधान और एक आश्रित उपवाक्य ('यदि...जाए') है।
- 1 mark
(घ) आश्रित उपवाक्य: 'जो ये बातें बता रहे हैं'; भेद: विशेषण आश्रित उपवाक्य।
(ङ) संयुक्त वाक्य: रास्ते खतरनाक थे इसलिए हम मौन हो गए।
Answer: (क) काशी में कलाधर हनुमान और नृत्य-विश्वनाथ हैं; (ख) शहनाई की जो जादुई आवाज़ है, उसका असर हमारे सिर चढ़कर बोलने लगता है; (ग) मिश्र वाक्य; (घ) 'जो ये बातें बता रहे हैं' – विशेषण आश्रित उपवाक्य; (ङ) रास्ते खतरनाक थे इसलिए हम मौन हो गए
Where the marks are
- किन्हीं चार उपभागों के सही उत्तर, प्रत्येक 1 अंक (कुल 4 अंक)
Q4 · 4 marks · GrammarGrammar
निर्देशानुसार 'वाच्य' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर लिखिए : 4 × 1 = 4
- (क)1 mark
पंत ने प्रकृतिपरक कविताएँ लिखी हैं। (कर्मवाच्य में बदलिए)
- (ख)1 mark
मुझसे हँसा नहीं जाता। (वाच्य पहचानकर भेद का नाम लिखिए)
- (ग)1 mark
उनके द्वारा मुझे सच्चाई का अहसास कराया गया। (कर्तृवाच्य में बदलिए)
- (घ)1 mark
वह उन आटे की गोलियों को लेकर गंगा जी की ओर चल पड़ते। (वाच्य पहचानकर वाच्य-भेद का नाम लिखिए)
- (ङ)1 mark
किस वाच्य में क्रिया सदैव सकर्मक होती है ?
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- 1 mark
(क) कर्मवाच्य: पंत द्वारा प्रकृतिपरक कविताएँ लिखी गई हैं।
- 1 mark
(ख) भाववाच्य, क्योंकि 'मुझसे हँसा नहीं जाता' में क्रिया का प्रमुख भाव है, कर्ता असमर्थता बताता है।
- 1 mark
(ग) कर्तृवाच्य: उन्होंने मुझे सच्चाई का अहसास कराया।
- 1 mark
(घ) कर्तृवाच्य, क्योंकि क्रिया कर्ता 'वह' के अनुसार है।
(ङ) कर्मवाच्य में क्रिया सदैव सकर्मक होती है।
Answer: (क) पंत द्वारा प्रकृतिपरक कविताएँ लिखी गई हैं; (ख) भाववाच्य; (ग) उन्होंने मुझे सच्चाई का अहसास कराया; (घ) कर्तृवाच्य; (ङ) कर्मवाच्य
Where the marks are
- किन्हीं चार उपभागों के सही उत्तर, प्रत्येक 1 अंक (कुल 4 अंक)
Q5 · 4 marks · GrammarGrammar
निर्देशानुसार 'पद-परिचय' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों के रेखांकित पदों का पद-परिचय दीजिए : 4 × 1 = 4
- (क)1 mark
काशी में हज़ारों सालों का इतिहास है। (रेखांकित पद: काशी)
- (ख)1 mark
भवभूति संस्कृत साहित्य के प्रधान नाटककार हैं। (रेखांकित पद: प्रधान)
- (ग)1 mark
हम लोग रोते-चिल्लाते भाग चले। (रेखांकित पद: रोते-चिल्लाते)
- (घ)1 mark
चिंतकों ने समाज में लोकतांत्रिक और वैज्ञानिक चेतना का विकास किया। (रेखांकित पद: और)
- (ङ)1 mark
उन्होंने बौद्ध धर्म का प्रचार अपने पूरे जीवन भर खूब किया। (रेखांकित पद: उन्होंने)
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- 1 mark
(क) काशी – संज्ञा, व्यक्तिवाचक, स्त्रीलिंग, एकवचन, अधिकरण कारक।
- 1 mark
(ख) प्रधान – विशेषण, गुणवाचक, पुल्लिंग, एकवचन; विशेष्य 'नाटककार'।
- 1 mark
(ग) रोते-चिल्लाते – क्रियाविशेषण, रीतिवाचक; 'भाग चले' क्रिया की विशेषता बताता है।
- 1 mark
(घ) और – अव्यय, समुच्चयबोधक, समानाधिकरण; 'लोकतांत्रिक' और 'वैज्ञानिक' पदों को जोड़ता है।
(ङ) उन्होंने – सर्वनाम, पुरुषवाचक, अन्य पुरुष, बहुवचन, कर्ता कारक।
Answer: (क) संज्ञा, व्यक्तिवाचक, स्त्रीलिंग, एकवचन, अधिकरण कारक; (ख) विशेषण, गुणवाचक, पुल्लिंग, एकवचन, विशेष्य नाटककार; (ग) क्रियाविशेषण, रीतिवाचक, भाग चले की विशेषता; (घ) समुच्चयबोधक अव्यय, समानाधिकरण; (ङ) पुरुषवाचक सर्वनाम, अन्य पुरुष, बहुवचन, कर्ता कारक
Where the marks are
- किन्हीं चार पदों का सही भेद व संबंध, प्रत्येक 1 अंक (कुल 4 अंक)
Q6 · 4 marks · GrammarGrammar
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : 4 × 1 = 4
- (क)1 mark
अभिमन्यु-वध के निधन से कारण हुआ जो मूल है
इससे हमारे हत हृदय को, हो रहा जो शूल है। - (ख)1 mark
अंग-अंग नग जगमगत दीप-सिखा सी देह।
- (ग)1 mark
उदाहरण द्वारा अतिशयोक्ति अलंकार स्पष्ट कीजिए।
- (घ)1 mark
मगर उनकी लाई चिट्ठियाँ
pेड़-पौधे, पानी और पहाड़ बाँचते हैं। - (ङ)1 mark
सोहत ओढ़े पीत पट, स्याम सलोने गात।
मनहु नील मनि सैल पर, आतप पर्यौ प्रभात ।।
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- 1 mark
(क) रूपक अलंकार, क्योंकि 'अभिमन्यु-वध' आदि में उपमेय पर उपमान का अभेद आरोप है।
- 1 mark
(ख) उपमा अलंकार, क्योंकि 'दीप-सिखा सी देह' में वाचक 'सी' से तुलना है।
- 1 mark
(ग) अतिशयोक्ति: 'एक साथ रघु ने पैरों से चाँपा अविकल। पितृ-दत्त सिंहासन और सकल अरिमंडल॥' (बढ़ा-चढ़ाकर वर्णन)।
- 1 mark
(घ) मानवीकरण अलंकार, क्योंकि पेड़-पौधे, पानी, पहाड़ चिट्ठियाँ बाँचते हैं।
(ङ) उत्प्रेक्षा अलंकार, क्योंकि 'मनहु' वाचक से संभावना की गई है।
Answer: (क) रूपक; (ख) उपमा; (ग) अतिशयोक्ति का उदाहरण दिया गया; (घ) मानवीकरण; (ङ) उत्प्रेक्षा
Where the marks are
- किन्हीं चार उपभागों के सही अलंकार, प्रत्येक 1 अंक (कुल 4 अंक)
Section C
पाठ्यपुस्तक एवं पूरक पाठ्यपुस्तक पर आधारित (30 अंक)
Q7 · 5 marks · Reading comprehensionCompetency-basedस्वयं प्रकाश – नेताजी का चश्मा
निम्नलिखित पठित गद्यांश पर आधारित बहुविकल्पीय प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प चुनकर लिखिए : 5 × 1 = 5
हालदार साहब को पानवाले द्वारा एक देशभक्त का इस तरह मज़ाक उड़ाया जाना अच्छा नहीं लगा। मुड़कर देखा तो अवाक् रह गए। एक बेहद बूढ़ा मरियल-सा लँगड़ा आदमी सिर पर गांधी टोपी और आँखों पर काला चश्मा लगाए एक हाथ में एक छोटी-सी संदूकची और दूसरे हाथ में एक बाँस पर टँगे बहुत-से चश्मे लिए अभी-अभी एक गली से निकला था और अब एक बंद दुकान के सहारे अपना बाँस टिका रहा था। तो इस बेचारे की दुकान भी नहीं। फेरी लगाता है ! हालदार साहब चक्कर में पड़ गए। पूछना चाहते थे, इसे कैप्टन क्यों कहते हैं ? क्या यही इसका वास्तविक नाम है ? लेकिन पानवाले ने साफ़ बता दिया था कि अब वह इस बारे में और बात करने को तैयार नहीं। ड्राइवर भी बेचैन हो रहा था। काम भी था। हालदार साहब जीप में बैठकर चले गए।
- (क)1 mark
हालदार साहब किस बात पर आश्चर्यचकित रह गए ?
- (A)पानवाले द्वारा कैप्टन का मज़ाक उड़ाने पर
- (B)कैप्टन की शारीरिक अवस्था को देखकर
- (C)कैप्टन को चश्मा बेचते हुए देखकर
- (D)ड्राइवर को बेचैन होते देखकर
- (ख)1 mark
दिव्यांग होते हुए भी कैप्टन द्वारा फेरी लगाकर अपना गुज़र-बसर करना दर्शाता है कि वह ______ था। (रिक्त स्थान की पूर्ति कीजिए)
- (A)आत्मविश्वासी
- (B)स्वाभिमानी
- (C)सक्षम
- (D)स्वावलंबी
- (ग)1 mark
पानवाला किसका मज़ाक उड़ा रहा था ?
- (A)हालदार साहब का
- (B)नेताजी का
- (C)चश्मेवाले का
- (D)दुकानवाले का
- (घ)1 mark
हालदार साहब जीप में बैठकर क्यों चले गए ? – इस प्रश्न के उत्तर के लिए निम्नलिखित कथन पढ़िए और उचित विकल्प चुनकर लिखिए :
(i) पानवाला कैप्टन के विषय में और अधिक बात करने को तैयार नहीं था।
(ii) कैप्टन की शारीरिक अवस्था देखकर निराश हो गए थे।
(iii) उन्हें आवश्यक कार्यालय काम निपटाना था।
(iv) ड्राइवर बेचैन हो रहा था।
विकल्प :
(A) (i) और (iii) दोनों
(B) (ii) और (iv) दोनों
(C) (i) और (iv) दोनों
(D) केवल (i)- (A)(i) और (iii) दोनों
- (B)(ii) और (iv) दोनों
- (C)(i) और (iv) दोनों
- (D)केवल (i)
- (ङ)1 mark
कथन और कारण को पढ़कर उपयुक्त विकल्प चुनिए :
कथन : हालदार साहब के मन में कैप्टन के प्रति सम्मान का भाव था।
कारण : सुभाष बाबू के प्रति कैप्टन के विशेष लगाव को देखकर वह उससे प्रभावित थे।- (A)कथन और कारण दोनों गलत हैं।
- (B)कारण गलत है किंतु कथन सही है।
- (C)कथन तथा कारण दोनों सही हैं तथा कारण उसकी सही व्याख्या करता है।
- (D)कथन सही है किंतु कारण उसकी सही व्याख्या नहीं है।
Try it first, then show our solutionSolution
- 1 mark
(क) हालदार साहब बूढ़े, मरियल, लँगड़े कैप्टन की शारीरिक दशा देखकर अवाक् रह गए। उत्तर: (B)।
- 1 mark
(ख) दिव्यांग होकर भी फेरी लगाकर गुज़ारा करना उसे स्वावलंबी दर्शाता है। उत्तर: (D)।
- 1 mark
(ग) पानवाला चश्मेवाले कैप्टन का मज़ाक उड़ा रहा था। उत्तर: (C)।
- 1 mark
(घ) गद्यांश के अनुसार पानवाला बात करने को तैयार नहीं था और ड्राइवर बेचैन था, इसलिए (i) और (iv)। उत्तर: (C)।
- 1 mark
(ङ) कथन और कारण दोनों सही हैं; सुभाष बाबू के प्रति लगाव ही सम्मान का कारण है। उत्तर: (C)।
Answer: (क) B; (ख) D; (ग) C; (घ) C; (ङ) C
Where the marks are
- (क) B (1 अंक)
- (ख) D (1 अंक)
- (ग) C (1 अंक)
- (घ) C (1 अंक)
- (ङ) C (1 अंक)
Q8 · 6 marks · Short answerरामवृक्ष बेनीपुरी – बालगोबिन भगत
निर्धारित गद्य पाठों के आधार पर निम्नलिखित चार प्रश्नों में से किन्हीं तीन प्रश्नों के उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए : 3 × 2 = 6
- (क)2 marks
'बालगोबिन भगत एक सच्चे गृहस्थ भी थे ।' स्पष्ट कीजिए।
- (ख)2 marks
"ई काशी छोड़कर कहाँ जाएँ" बिस्मिल्ला खाँ के मन में काशी के प्रति विशेष अनुराग के क्या कारण थे ?
- (ग)2 marks
'संस्कृति' पाठ के आधार पर संस्कृति और असंस्कृति में अंतर बताइए।
- (घ)2 marks
'एक कहानी यह भी' की लेखिका के जीवन पर उनकी प्राध्यापिका शीला अग्रवाल का क्या प्रभाव पड़ा ?
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- 1 mark
(क) बालगोबिन भगत खेतीबाड़ी करते थे और बहू-बेटे वाले परिवार के साथ साफ़-सुथरे मकान में रहते थे।
- 1 mark
वे गंगा-स्नान जाते समय किसी से भिक्षा नहीं लेते थे, अपनी उपज से निर्वाह करते थे; इसलिए सच्चे गृहस्थ थे।
- 1 mark
(ख) काशी से उनके पूर्वजों का संबंध था और बचपन से जुड़ाव था; वहीं रहकर उन्होंने सुर-साधना की।
- 1 mark
काशी में रहकर ही शहनाई-वादन से विश्व में प्रसिद्ध हुए; गंगा मइया, बालाजी, बाबा विश्वनाथ और काशी की परंपराओं से लगाव था।
- 1 mark
(ग) संस्कृति कल्याणकारी होती है, वह मानव-कल्याण की भावना पर टिकी है।
- 1 mark
असंस्कृति अकल्याणकारी, विध्वंसात्मक और आत्म-विनाशक होती है।
- 1 mark
(घ) शीला अग्रवाल ने साहित्य की समझ और रुचि बढ़ाई तथा चुनकर पढ़ने की प्रेरणा दी।
- 1 mark
उन्होंने देशप्रेम को दिशा दी और लेखिका को आज़ादी के आंदोलन में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
Answer: किन्हीं तीन उपभागों के उत्तर ऊपर दिए गए हैं।
Where the marks are
- प्रत्येक उपभाग के दो उपयुक्त बिंदु (1+1=2 अंक), किन्हीं तीन उपभागों के (कुल 6 अंक)
Q9 · 5 marks · Reading comprehensionCompetency-basedसूरदास – पद
निम्नलिखित पठित काव्यांश पर आधारित बहुविकल्पीय प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प का चयन कीजिए : 5 × 1 = 5
हमारैं हरि हारिल की लकरी ।
मन क्रम बचन नंद-नंदन उर, यह दृढ़ करि पकरी ।
जागत सोवत स्वप्न दिवस-निसि, कान्ह-कान्ह जक री ।
सुनत जोग लागत है ऐसौ, ज्यौं करुई ककरी
सु तौ ब्याधि हमकौं लै आए, देखी सुनी न करी
यह तौ 'सूर' तिनहिं लै सौंपौ, जिनके मन चकरी ।।- (क)1 mark
गोपियों के अनुसार उद्धव द्वारा किन लोगों को योग की शिक्षा दी जानी चाहिए ?
- (A)जिनके मन में कृष्ण के प्रति भक्ति हो
- (B)जो योग के बारे में जानना चाहते हों
- (C)जो भक्ति मार्ग को हृदय से अपनाना चाहते हों
- (D)जिनका मन कृष्ण के प्रति स्थिर न हो
- (ख)1 mark
'हारिल' और 'हारिल की लकड़ी' किनके प्रतीक हैं ?
- (A)कृष्ण – कृष्ण
- (B)कृष्ण – गोपियाँ
- (C)गोपियाँ – कृष्ण
- (D)कृष्ण – उद्धव
- (ग)1 mark
पद्यांश में व्याधि किसे बताया गया है ?
- (A)कृष्ण के मित्र उद्धव को
- (B)उद्धव के बताए योग को
- (C)कटुक स्वाद वाली ककड़ी को
- (D)कृष्ण के प्रति अनन्य प्रेम को
- (घ)1 mark
दिए गए कथनों में से काव्यांश के संदर्भ में सही विकल्प का चयन कीजिए :
- (A)गोपियाँ दिन-रात कृष्ण के नाम का जप करती रहती हैं।
- (B)गोपियाँ उद्धव को भी योग त्यागने की सलाह देती हैं।
- (C)गोपियाँ उद्धव को भी भक्ति मार्ग अपनाने को कहती हैं।
- (D)गोपियाँ कृष्ण से प्रेम करके बहुत पछता रही हैं।
- (ङ)1 mark
कथन और कारण को ध्यानपूर्वक पढ़कर सही विकल्प चुनकर लिखिए :
कथन : गोपियाँ कृष्ण के प्रति अपने अगाध प्रेम के कारण भ्रमित थीं।
कारण : प्रेम और विश्वास की गहराई से व्यक्ति में सूझ-बूझ की कमी हो जाती है।- (A)कथन गलत है किंतु कारण सही है।
- (B)कथन और कारण दोनों ही गलत हैं।
- (C)कथन और कारण दोनों सही हैं और कारण कथन की सही व्याख्या है।
- (D)कथन सही है किंतु कारण कथन की सही व्याख्या नहीं है।
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- 1 mark
(क) 'जिनके मन चकरी' अर्थात् जिनका मन अस्थिर है, उन्हें योग दिया जाए। उत्तर: (D)।
- 1 mark
(ख) हारिल पक्षी गोपियों का और उसकी लकड़ी कृष्ण का प्रतीक है। उत्तर: (C)।
- 1 mark
(ग) गोपियाँ उद्धव के लाए योग को व्याधि (रोग) कहती हैं। उत्तर: (B)।
- 1 mark
(घ) 'जागत सोवत स्वप्न दिवस-निसि, कान्ह-कान्ह जक री' से स्पष्ट है कि वे दिन-रात कृष्ण का नाम जपती हैं। उत्तर: (A)।
- 1 mark
(ङ) गोपियाँ भ्रमित नहीं, दृढ़ थीं, इसलिए कथन और कारण दोनों गलत हैं। उत्तर: (B)।
Answer: (क) D; (ख) C; (ग) B; (घ) A; (ङ) B
Where the marks are
- (क) D (1 अंक)
- (ख) C (1 अंक)
- (ग) B (1 अंक)
- (घ) A (1 अंक)
- (ङ) B (1 अंक)
Q10 · 6 marks · Short answerनागार्जुन – यह दंतुरित मुसकान, फसल
निर्धारित कविताओं के आधार पर निम्नलिखित चार प्रश्नों में से किन्हीं तीन प्रश्नों के उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए : 3 × 2 = 6
- (क)2 marks
'यह दंतुरित मुस्कान' कविता में शिशु से मिलकर कवि को कैसी अनुभूति होती है ?
- (ख)2 marks
'संगतकार' कविता के माध्यम से कवि ने किस सत्य को उजागर किया है ?
- (ग)2 marks
"आए अज्ञात दिशा से अनंत के घन" 'उत्साह' कविता से उद्धृत इस पंक्ति में बादलों को 'अनंत के घन' क्यों कहा गया है ?
- (घ)2 marks
"तुम सुनकर सुख पाओगे, देखोगे – यह गागर रीती ।" कहकर कवि ने अपने जीवन के किस पहलू पर प्रकाश डाला है ?
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- 1 mark
(क) शिशु की दंतुरित मुस्कान देखकर कवि को वात्सल्य की अनुभूति होती है।
- 1 mark
उसकी मुस्कान से निराश मन में आशा जागती है और कठोर मन में कोमल भावनाएँ बहने लगती हैं।
- 1 mark
(ख) संगतकार कविता यह सत्य उजागर करती है कि किसी की सफलता में कई लोगों का योगदान होता है।
- 1 mark
सहायक कलाकार की भूमिका महत्त्वपूर्ण है, पर सम्मान और पहचान प्रायः मुख्य कलाकार को ही मिलती है।
- 1 mark
(ग) बादल अनंत अर्थात् ईश्वर की करुणा के प्रतिनिधि और संदेशवाहक हैं; वे अंतहीन आकाश में छाए रहते हैं।
- 1 mark
वे बरसकर प्यासी धरती को हरा-भरा करते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि लाते हैं।
- 1 mark
(घ) कवि ने अपने जीवन के अकेलेपन और सुख के अभाव को बताया है।
- 1 mark
उसके जीवन में विशेष उपलब्धियाँ नहीं हैं और स्वप्न अधूरे रह गए हैं, यानी जीवन की गागर खाली है।
Answer: किन्हीं तीन उपभागों के उत्तर ऊपर दिए गए हैं।
Where the marks are
- प्रत्येक उपभाग के दो उपयुक्त बिंदु (1+1=2 अंक), किन्हीं तीन उपभागों के (कुल 6 अंक)
Q11 · 8 marks · Long answerमैं क्यों लिखता हूँ?
पूरक पाठ्यपुस्तक के पाठों पर आधारित निम्नलिखित तीन प्रश्नों में से किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 50-60 शब्दों में लिखिए : 2 × 4 = 8
- (क)4 marks
'मैं क्यों लिखता हूँ' पाठ के आधार पर लिखिए कि कृतिकार के स्वभाव और आत्मानुशासन का लेखन में क्या महत्त्व है ?
- (ख)4 marks
"जितेन नार्गे जैसे गाइड के साथ किसी भी पर्यटन स्थल का भ्रमण अधिक आनंददायक और यादगार हो सकता है।" इस कथन के समर्थन में 'साना साना हाथ जोड़ि .......' पाठ के आधार पर तर्कसंगत उत्तर दीजिए।
- (ग)4 marks
'माता का अँचल' पाठ में बाबूजी माताजी से कब और क्यों नाराज़ हो जाते थे ? संतान के प्रति इस प्रकार का व्यवहार क्या आपको अपने घर या घर के आसपास भी दिखाई देता है, संक्षेप में वर्णन कीजिए।
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- 1 mark
(क) लेखक का स्वभाव और आत्मानुशासन उसे बाहरी दबाव से अत्यधिक प्रभावित होने से बचाते हैं।
- 1 mark
आत्मानुशासन से प्रेरित लेखन की गुणवत्ता ऊँची होती है, क्योंकि वह भीतर की प्रेरणा से निकलता है।
- 1 mark
ये गुण लेखक को उच्च कोटि का साहित्यकार या रचनाकार बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं।
- 1 mark
नियमित और सुचारु लेखन में भी आत्मानुशासन सहायक होता है।
- 1 mark
(ख) जितेन नार्गे एक कुशल गाइड है; क्षेत्र की हर जानकारी रखता है और समय-प्रबंधन जानता है।
- 1 mark
वह पर्यटकों से अपनत्व से बात करता है, भाषा, संस्कृति और परंपराओं की जानकारी देता है।
- 1 mark
वह क्षेत्र की समस्याओं के प्रति संवेदनशील और मानवीय दृष्टिकोण वाला है।
- 1 mark
वह पर्यावरण के प्रति जागरूक और खुशमिज़ाज है, इसलिए यात्रा आनंददायक व यादगार बनती है।
- 1 mark
(ग) बाबूजी तब नाराज़ होते थे जब माताजी भोलानाथ की इच्छा के विरुद्ध उसे पकड़कर कड़वा तेल लगातीं और चोटी गूँथतीं, और वह ज़ोर-ज़ोर से रोता।
- 1 mark
कारण: वात्सल्य के कारण उनसे बच्चे का रोना सहन नहीं होता था।
- 2 marks
हमारे आसपास भी माता-पिता बच्चों को डाँटे जाने पर नाराज़ होकर उनका पक्ष लेते दिखते हैं।
Answer: किन्हीं दो उपभागों के उत्तर ऊपर दिए गए हैं।
Where the marks are
- प्रत्येक उपभाग में चार उपयुक्त बिंदु (1+1+1+1=4 अंक), किन्हीं दो उपभागों के (कुल 8 अंक)
- (ग) में कब (1), क्यों (1), स्वतंत्र उदाहरण (2)
Section D
रचनात्मक लेखन (20 अंक); प्रश्न 13-15 में आंतरिक विकल्प
Q12 · 6 marks · WritingWriting
निम्नलिखित तीन विषयों में से किसी एक विषय पर संकेत बिंदुओं के आधार पर लगभग 120 शब्दों में एक अनुच्छेद लिखिए : 6
- (क)0 marks
पर्यावरण की आत्मा : वृक्ष
संकेत बिंदु –
• पर्यावरण क्या है
• पर्यावरण में वृक्षों का महत्त्व
• वृक्षारोपण अभियान OR
(ख)0 marksडिजिटल इंडिया
संकेत बिंदु –
• डिजिटल इंडिया क्या है
• डिजिटल होने के लाभ
• सरकार द्वारा उठाए गए कदमOR
(ग)0 marksडेंगू बुखार की मार
संकेत बिंदु –
• डेंगू क्या है
• डेंगू के कारण
• लक्षण एवं बचाव के उपाय
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- 1 mark
भूमिका (1 अंक) – (क) पर्यावरण की आत्मा : वृक्ष
हमारे चारों ओर जो जल, वायु, मिट्टी, पेड़-पौधे और जीव-जंतु हैं, वही सब मिलकर पर्यावरण कहलाते हैं। यह जीवन का आधार है और वृक्ष इसकी आत्मा हैं।
- 1 mark
विषयवस्तु – वृक्षों का महत्त्व (1 अंक)
वृक्ष कार्बन डाइऑक्साइड सोखकर प्राणवायु देते हैं, वर्षा लाने में सहायक हैं, भूमि के कटाव को रोकते हैं और पशु-पक्षियों को आश्रय देते हैं। फल, फूल, लकड़ी और औषधियाँ भी इन्हीं से मिलती हैं।
- 2 marks
विषयवस्तु – वृक्षारोपण अभियान और अन्य बिंदु (2 अंक)
वनों की अंधाधुंध कटाई से प्रदूषण और तापमान बढ़ रहा है। इसी कारण सरकार और संस्थाएँ 'एक पेड़ माँ के नाम', वन महोत्सव जैसे वृक्षारोपण अभियान चलाती हैं। विद्यालय और समाज में पौधे लगाने तथा उनकी देखभाल करने से हरियाली बढ़ती है।
- 1 mark
निष्कर्ष (1 अंक)
अतः हमें हर वर्ष पौधे लगाने और पेड़ों को बचाने का संकल्प लेना चाहिए, तभी हमारा पर्यावरण और भविष्य सुरक्षित रहेगा।
- 1 mark
भाषा-शुद्धता (1 अंक) – वर्तनी और व्याकरण की दृष्टि से शुद्ध, लगभग 120 शब्दों में सुसंगत भाषा।
Answer: संकेत बिंदुओं पर आधारित लगभग 120 शब्दों का अनुच्छेद 'पर्यावरण की आत्मा : वृक्ष' (भूमिका, विषयवस्तु, निष्कर्ष, शुद्ध भाषा)।
Where the marks are
- भूमिका: पर्यावरण का अर्थ (1 अंक)
- विषयवस्तु: संकेत बिंदुओं सहित वृक्षों का महत्त्व और वृक्षारोपण अभियान (3 अंक)
- निष्कर्ष (1 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
Answer one of these 2 alternatives.
Q13(a) · 5 marks · WritingCompetency-basedWriting
(क) आप अदिति / आदित्य हैं। आपकी दादीजी को खेलों में अत्यधिक रुचि है। ओलंपिक खेल-2024 में भारत के प्रदर्शन के बारे में जानकारी देते हुए लगभग 100 शब्दों में पत्र लिखिए।
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- 1 mark
प्रारूप (1 अंक)
१५, गांधी नगर, जयपुर
१० अगस्त, २०२४पूज्य दादीजी,
सादर चरण स्पर्श। - 3 marks
विषयवस्तु (3 अंक)
आशा है आप स्वस्थ होंगी। मुझे पता है कि आपको खेलों में बहुत रुचि है, इसलिए ओलंपिक 2024 में भारत के प्रदर्शन के बारे में लिख रहा हूँ। इस बार भारत ने पेरिस ओलंपिक में कुल छह पदक जीते, जिनमें एक रजत और पाँच कांस्य पदक थे। निशानेबाज़ी में मनु भाकर ने दो कांस्य पदक जीतकर इतिहास रचा, सरबजोत सिंह के साथ मिश्रित स्पर्धा में भी पदक मिला और स्वप्निल कुसाले ने कांस्य जीता। भाला फेंक में नीरज चोपड़ा ने रजत पदक जीता। भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने लगातार दूसरी बार कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया। कई खिलाड़ी पदक के बहुत निकट रहे। हम सबने मैच साथ बैठकर देखे और खूब उत्साह रहा।
- 1 mark
समापन (औपचारिकता) और भाषा (1 अंक)
आप अपना ध्यान रखिएगा। माताजी-पिताजी की ओर से प्रणाम।
आपका प्यारा पोता
आदित्य
Answer: दादीजी को ओलंपिक 2024 में भारत के प्रदर्शन की जानकारी देता लगभग 100 शब्दों का औपचारिक पत्र।
Where the marks are
- पत्र का प्रारूप: पता, तिथि, संबोधन, अभिवादन और अंत की औपचारिकता (1 अंक)
- विषयवस्तु: ओलंपिक 2024 में भारत के पदक और प्रदर्शन की जानकारी (3 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
OR
Q13(b) · 5 marks · WritingCompetency-basedWriting
(ख) आप अदिति / आदित्य हैं। आपके मोहल्ले में आवारा पशुओं की समस्या बहुत बढ़ गई है। इस ओर ध्यान आकर्षित कराते हुए स्थानीय नगरपालिका अध्यक्ष को लगभग 100 शब्दों में पत्र लिखिए।
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- 1 mark
प्रारूप (1 अंक)
सेवा में,
अध्यक्ष महोदय,
नगरपालिका, जयपुरविषय: मोहल्ले में आवारा पशुओं की समस्या के संबंध में।
महोदय,
- 3 marks
विषयवस्तु (3 अंक)
मैं आदित्य, गांधी नगर का निवासी हूँ। हमारे मोहल्ले में आवारा पशुओं की संख्या बहुत बढ़ गई है। गाय, कुत्ते और साँड़ सड़कों पर घूमते रहते हैं, जिससे यातायात बाधित होता है और दुर्घटनाएँ हो रही हैं। साँड़ों के झगड़े और कुत्तों के काटने से बच्चे और बुज़ुर्ग भयभीत रहते हैं। वे कूड़ा बिखेर देते हैं, जिससे गंदगी और बीमारियाँ फैलती हैं। आपसे निवेदन है कि इन पशुओं को पकड़वाकर गौशाला भिजवाएँ, कुत्तों का टीकाकरण कराएँ और शीघ्र उचित कार्रवाई करें।
- 1 mark
समापन और भाषा (1 अंक)
धन्यवाद सहित,
भवदीय
आदित्य
गांधी नगर, जयपुर
१० अगस्त, २०२४
Answer: नगरपालिका अध्यक्ष को आवारा पशुओं की समस्या पर कार्रवाई हेतु लगभग 100 शब्दों का औपचारिक पत्र।
Where the marks are
- औपचारिक पत्र का प्रारूप: प्रेषक, तिथि, संबोधन, विषय और समापन (1 अंक)
- विषयवस्तु: समस्या, उससे हानियाँ और समाधान का अनुरोध (3 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
Answer one of these 2 alternatives.
Q14(a) · 5 marks · WritingCompetency-basedWriting
(क) आप भव्या / भव्य हैं। आपने पुस्तकालय विज्ञान में स्नातक डिग्री (बी.लिब.) प्राप्त की है। आपके क्षेत्र के सार्वजनिक पुस्तकालय में पुस्तकालय अध्यक्ष का पद रिक्त है। उक्त पद के लिए आवेदन हेतु लगभग 80 शब्दों में अपना एक स्ववृत तैयार कीजिए।
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- 1 mark
प्रारूप (1 अंक)
स्ववृत्त
पद: पुस्तकालय अध्यक्ष, सार्वजनिक पुस्तकालय - 3 marks
विषयवस्तु (3 अंक)
नाम: भव्य शर्मा
पिता का नाम: श्री राजेश शर्मा
जन्मतिथि: १२ मार्च, १९९९
पता: ४/२, नेहरू नगर, लखनऊ
संपर्क: 98XXXXXXXX, ई-मेल: bhavya@example.com
शैक्षणिक योग्यता: १०वीं, १२वीं – प्रथम श्रेणी; बी.लिब. (पुस्तकालय विज्ञान) – प्रथम श्रेणी
अनुभव: दो वर्ष तक महाविद्यालय पुस्तकालय में सहायक; पुस्तक सूचीकरण और वर्गीकरण का ज्ञान
अन्य योग्यता: कंप्यूटर और डिजिटल सूचीकरण में दक्ष
रुचियाँ: पठन, लेखन - 1 mark
घोषणा और भाषा (1 अंक)
मैं घोषणा करता हूँ कि उपर्युक्त जानकारी सत्य है।
दिनांक: १० अगस्त, २०२४ हस्ताक्षर: भव्य शर्मा
Answer: पुस्तकालय अध्यक्ष पद के लिए लगभग 80 शब्दों का स्ववृत्त (व्यक्तिगत विवरण, योग्यता, अनुभव, घोषणा)।
Where the marks are
- स्ववृत्त का उपयुक्त प्रारूप (1 अंक)
- व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और अनुभव (3 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
OR
Q14(b) · 5 marks · WritingCompetency-basedWriting
(ख) आप भव्या / भव्य हैं। विद्यालय में नामांकन के समय आपकी जन्मतिथि गलत दर्ज हो गई है। दसवीं के पंजीकरण से पहले आप इसे सुधरवाना चाहते हैं। जन्मतिथि में सुधार हेतु निवेदन करते हुए प्रधानाचार्य को लगभग 80 शब्दों में एक ई-मेल लिखिए।
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- 1 mark
प्रारूप (1 अंक)
प्रति: principal@school.edu.in
प्रेषक: bhavya@example.com
विषय: जन्मतिथि में सुधार हेतु निवेदनआदरणीय प्रधानाचार्य महोदय,
- 3 marks
विषयवस्तु (3 अंक)
मैं भव्य, कक्षा नौवीं 'ख' का छात्र (अनुक्रमांक 25) हूँ। विद्यालय में प्रवेश के समय मेरी जन्मतिथि भूल से १२ मार्च २००९ के स्थान पर २१ मार्च २००९ दर्ज हो गई है। जन्म प्रमाण-पत्र के अनुसार सही तिथि १२ मार्च २००९ है। दसवीं के पंजीकरण से पहले इसमें सुधार आवश्यक है, अन्यथा आगे परेशानी हो सकती है। प्रमाण-पत्र की प्रति संलग्न है। कृपया अभिलेखों में सुधार करने की कृपा करें।
- 1 mark
समापन और भाषा (1 अंक)
धन्यवाद सहित,
आपका आज्ञाकारी शिष्य
भव्य
कक्षा ९ 'ख'
Answer: प्रधानाचार्य को जन्मतिथि सुधार हेतु लगभग 80 शब्दों का औपचारिक ई-मेल।
Where the marks are
- ई-मेल का प्रारूप: प्रति, विषय, संबोधन, समापन (1 अंक)
- विषयवस्तु: गलती, सही तिथि, कारण और सुधार का निवेदन (3 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
Answer one of these 2 alternatives.
Q15(a) · 4 marks · WritingCompetency-basedWriting
(क) सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता हेतु ट्रैफिक पुलिस की ओर से जनहित में जारी एक आकर्षक विज्ञापन लगभग 100 शब्दों में तैयार कीजिए।
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- 1 mark
रचनात्मकता और प्रस्तुति (1 अंक)
सावधानी हटी, दुर्घटना घटी!
सड़क सुरक्षा – जीवन सुरक्षा
(जनहित में जारी – ट्रैफिक पुलिस) - 2 marks
विषयवस्तु (2 अंक)
• हेलमेट पहनें, सीट बेल्ट लगाएँ।
• गति सीमा का पालन करें; तेज़ गति जानलेवा है।
• वाहन चलाते समय मोबाइल का प्रयोग न करें।
• नशा करके गाड़ी न चलाएँ।
• लाल बत्ती पर रुकें, ज़ेबरा क्रॉसिंग पर पैदल यात्रियों को रास्ता दें।
• नाबालिग वाहन न चलाएँ।यातायात नियम मानना हमारा कर्तव्य है। आपका परिवार आपकी प्रतीक्षा कर रहा है।
संपर्क: यातायात पुलिस हेल्पलाइन 112 - 1 mark
भाषा-शुद्धता (1 अंक) – आकर्षक, शुद्ध और प्रभावी भाषा।
Answer: ट्रैफिक पुलिस की ओर से सड़क सुरक्षा पर नारे और नियमों सहित आकर्षक विज्ञापन।
Where the marks are
- आकर्षक शीर्षक/नारा और प्रस्तुति (1 अंक)
- सड़क सुरक्षा के नियम और अपील (2 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
OR
Q15(b) · 4 marks · WritingCompetency-basedWriting
(ख) प्रादेशिक स्तर पर आयोजित होने वाली 100 मीटर की बाधा दौड़ में आपके मित्र को प्रथम स्थान मिला है। उसे बधाई देते हुए लगभग 40 शब्दों में संदेश लिखिए।
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- 1 mark
प्रारूप (1 अंक)
१० अगस्त, २०२४
समय: सायं ५:०० बजेप्रिय रोहन,
- 2 marks
विषयवस्तु (2 अंक)
प्रादेशिक स्तर की 100 मीटर बाधा दौड़ में प्रथम स्थान पाने पर तुम्हें हार्दिक बधाई! यह तुम्हारे कठिन परिश्रम, लगन और अनुशासन का फल है। हमें तुम पर गर्व है। आशा है कि तुम आगे राष्ट्रीय स्तर पर भी सफलता पाओगे। मेरी ओर से ढेर सारी शुभकामनाएँ।
- 1 mark
समापन और भाषा (1 अंक)
तुम्हारा मित्र
अदिति
Answer: मित्र को बाधा दौड़ में प्रथम स्थान पर बधाई देता लगभग 40 शब्दों का संदेश।
Where the marks are
- संदेश का उपयुक्त प्रारूप: तिथि/समय, संबोधन, प्रेषक (1 अंक)
- विषयवस्तु: बधाई, परिश्रम की सराहना और शुभकामना (2 अंक)
- भाषा-शुद्धता (1 अंक)
Source: official question paper, cbse.gov.in. Chapter tags and solutions are ours. Spotted a transcription error? Write tosupport@questionbuddy.in.