Skip to content
HindiCBSE Class 10 · Course A · Board exam 2025, set 3/1/1 · 8 marks · Long answer

CBSE Class 10 Hindi Course A 2025: question 11

Set in the CBSE Class 10 board exam of 2025, paper 3/1/1, section ग, question 11, for 8 marks. Try it first; the hints and our step-by-step solution are below.

Q11 · 8 marks · Long answerमाता का अँचल

पूरक पाठ्य-पुस्तक के निर्धारित पाठों पर आधारित निम्नलिखित तीन प्रश्नों में से किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 50 – 60 शब्दों में लिखिए : 2×4=8

  1. (क)

    'माता का अँचल' पाठ में बच्चों का पशु-पक्षियों के प्रति कैसा व्यवहार दिखता है ? उदाहरण सहित लिखिए। पशु-पक्षियों के प्रति हमारा व्यवहार कैसा होना चाहिए ? अपने विचारों के आधार पर लिखिए।

    4 marks
  2. (ख)

    'पत्थर तोड़ती मज़दूर पहाड़ी महिलाओं के भीतर जीवन का उल्लास मौजूद था' – यह कथन किस आधार पर कहा जा सकता है ? उन स्त्रियों और उनकी जीवन स्थितियों का वर्णन करते हुए बताइए कि आप उनसे क्या सीख सकते हैं।

    4 marks
  3. (ग)

    'मैं क्यों लिखता हूँ' पाठ के आधार पर प्रत्यक्ष अनुभव और अनुभूति का अंतर स्पष्ट करते हुए बताइए कि अगर आप कभी लेखन के क्षेत्र में गए तो दोनों में से किसे महत्त्व देंगे और क्यों ?

    4 marks

Source: official question paper from cbse.gov.in (PDF). See it in the full 2025 board paper, set 3/1/1.

Hints

Open one hint at a time and try again before the next.

Hint 1

(क) में बच्चों के खेल के दो-तीन प्रसंग याद कीजिए, फिर अपना मत लिखिए।

Hint 2

(ख) में पहाड़ी महिलाओं का काम, हँसी और परिस्थितियाँ क्रम से लिखिए।

Hint 3

(ग) में पहले दोनों शब्दों की परिभाषा लिखिए, फिर अपनी पसंद और उसका कारण दीजिए।

Step-by-step solution

Each step shows the marks it earns, as an examiner would award them. Checked by an independent re-solve from the question paper.

  1. (क) 'माता का अँचल' में बच्चे अनजाने में पशु-पक्षियों से निर्दयी व्यवहार करते हैं और उन्हें खेल का सामान समझते हैं। वे खेत में चिड़ियों-तितलियों के पीछे भागकर उन्हें पकड़ने की कोशिश करते हैं और चूहों के बिल में पानी डालते हैं। हमें उनके प्रति करुणा और सहानुभूति रखनी चाहिए, क्योंकि वे भी जीव हैं। उन्हें सताना नहीं चाहिए, बल्कि दाना-पानी देकर उनकी रक्षा करनी चाहिए।

    4 marks
  2. (ख) पत्थर तोड़ती पहाड़ी महिलाएँ कठिन श्रम और गरीबी के बीच भी अचानक ठहाका लगाकर हँस पड़ती थीं, यही उनके भीतर के उल्लास का आधार है। वे छोटे बच्चों को साथ रखकर पत्थर तोड़ती थीं, यानी मातृत्व और श्रम-साधना को साधती थीं। उनकी जीवन-स्थितियाँ अभाव और कठोर प्राकृतिक परिस्थितियों से भरी थीं। उनसे हम परिश्रमी बनना और कठिनाई में भी प्रसन्न रहना सीख सकते हैं।

    4 marks
  3. (ग) प्रत्यक्ष अनुभव वह है जिसे हमने स्वयं घटित होते देखा हो। अनुभूति वह है जो घटना हमारे अनुभव की न हो, पर संवेदना से हमने उसे भोक्ता की तरह भीतर महसूस किया हो। मैं लेखन में अनुभूति को महत्त्व दूँगा/दूँगी, क्योंकि उससे हम दूसरों की पीड़ा को भी समझकर लिख सकते हैं और रचना व्यापक बनती है। (अनुभव को चुनना भी स्वीकार्य है, यदि तर्क दिया जाए।) (अतिरिक्त; किन्हीं दो का उत्तर अपेक्षित है।)

Answer: तीन में से किन्हीं दो के उपर्युक्त उत्तर

Where the marks are

  • (क) बच्चों का व्यवहार उदाहरण सहित (2 अंक) और अपना विचार (2 अंक)
  • (ख) उल्लास का आधार (1), जीवन-स्थितियाँ (1), सीख (2 अंक)
  • (ग) प्रत्यक्ष अनुभव और अनुभूति का अंतर (2 अंक), चयन (1) और तर्क (1 अंक); किन्हीं दो के 8 अंक

Revise the chapter

The question is transcribed from the official paper; figures are described in words. The solution, hints and chapter tag are ours. Spotted an error? Write tosupport@questionbuddy.in.